यूनिवर्सिटी ऑफ़ ज्यूरिख के शोधकर्ताओं ने देखा कि मस्तिष्क लोग दूसरे लोगों के अनुसार कैसे बदलते हैं। प्रतिभागियों ने रॉक-पेपर-सीज़र खेल खेलकर प्रतिस्पर्धियों के व्यवहार का अंदाजा लगाया।
टीम ने 550 से अधिक लोगों का परीक्षण किया और एक नया कम्प्यूटेशनल मॉडल इस्तेमाल किया ताकि हर दौर में अनुमान कैसे बदलते हैं, यह नापा जा सके। शोध में fMRI का भी उपयोग हुआ और पाया गया कि कुछ मस्तिष्क क्षेत्र तब अधिक सक्रिय होते हैं जब उम्मीदें गलत निकलती हैं। शोध ऑटिज्म और बॉर्डरलाइन व्यक्तित्व के अध्ययन में मदद कर सकता है।
कठिन शब्द
- शोधकर्ता — जो नई जानकारी और तथ्य खोजते हैंशोधकर्ताओं
- मस्तिष्क — शरीर का सोचने और महसूस करने वाला अंग
- प्रतिभागी — जो किसी प्रयोग या अध्ययन में हिस्सा लेते हैंप्रतिभागियों
- कम्प्यूटेशनल मॉडल — कम्प्यूटर पर बनाए गए गणितीय या सैद्धांतिक रूप
- उम्मीद — किसी चीज़ के होने की आशा या प्रत्याशाउम्मीदें
- सक्रिय — जो अधिक गतिविधि या कार्य करता हो
- अंदाजा — किसी बात के बारे में मोटा अनुमान या सोच
युक्ति: जब आप किसी भी भाषा में कहानी पढ़ें या ऑडियो सुनें, तो लेख में हाइलाइट किए गए शब्दों पर होवर/फ़ोकस/टैप करें और तुरंत छोटी-सी परिभाषा देखें।
चर्चा के प्रश्न
- क्या कभी आपने दूसरों के अनुसार अपना व्यवहार बदला है? एक छोटा उदाहरण दीजिए।
- आपको क्यों लगता है कि मस्तिष्क के सक्रिय होने का पता ऑटिज्म अध्ययन में मददगार हो सकता है?
- इस तरह के मॉडल से रोज़मर्रा की पढ़ाई या काम में क्या फायदा हो सकता है?
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