शोधकर्ताओं ने न्यूयॉर्क के कृषि परिवारों के शिशुओं की तुलना रोचेस्टर के शहरी और उपनगरीय शिशुओं से की। उन्होंने गर्भावस्था से जीवन के पहले वर्ष तक माताओं और शिशुओं का पालन कर कॉर्ड ब्लड, शिशु रक्त, मल, लार और स्तन-दूध एकत्र किया।
खेत-सम्पर्क वाले शिशुओं में मेमोरी और IgG+ प्रकार की "अनुभवी" B कोशिकाओं की संख्या अधिक मिली, जो जल्दी प्रतिरक्षा परिपक्वता का संकेत देती हैं। इन शिशुओं में खून, लार और मल में IgG व IgA का स्तर भी ऊँचा था और माँ के दूध में IgA अधिक पाया गया।
अध्ययन ने अंडे-विशिष्ट IgG4 और IgA को मापा और देखा कि OOM शिशुओं में अंडे-विशिष्ट IgG4 ज्यादा थे तथा OOM माताओं के दूध में अंडे-विशिष्ट IgA अधिक मिला। शोध में यह भी पाया गया कि कॉर्ड ब्लड में खाद्य एंटीजन और एंटीजन-विशिष्ट IgA मौजूद थे, जिससे गर्भ में एक्सपोजर का संकेत मिलता है।
कठिन शब्द
- शोधकर्ता — नए ज्ञान के लिए अध्ययन करने वाला व्यक्तिशोधकर्ताओं
- कृषि — ज़मीन और फसलों से जुड़ा काम
- गर्भावस्था — महिला के गर्भ में बच्चे का विकास होने की अवधि
- प्रतिरक्षा — शरीर की बीमारियों से लड़ने की शक्ति
- परिपक्वता — किसी व्यवस्था या चीज का पूरी तरह विकसित होना
- एंटीजन — शरीर में प्रतिक्रिया उत्पन्न करने वाला पदार्थ
- एकत्र करना — कुछ चीजें इकट्ठा करके रखना या जोड़नाएकत्र किया
- मापना — किसी चीज की मात्रा या स्तर नापनामापा
युक्ति: जब आप किसी भी भाषा में कहानी पढ़ें या ऑडियो सुनें, तो लेख में हाइलाइट किए गए शब्दों पर होवर/फ़ोकस/टैप करें और तुरंत छोटी-सी परिभाषा देखें।
चर्चा के प्रश्न
- खेत-सम्पर्क होने से बच्चों की जल्दी प्रतिरक्षा परिपक्वता कैसे फायदेमंद या नुकसानदेह हो सकती है? अपने विचार दो वाक्यों में लिखिए।
- इस अध्ययन में माँ के दूध के नमूनों को एकत्र करना क्यों महत्वपूर्ण लगता है? संक्षेप में बताइए।
- गर्भ में एक्सपोजर दिखने का क्या मतलब हो सकता है और यह बच्चे के भविष्य के खानपान पर कैसे असर डाल सकता है? अपने विचार साझा कीजिए।
संबंधित लेख
One Health: समुदाय‑स्तर पर एकीकृत निगरानी जरूरी
One Health विशेषज्ञों ने सरकारों और एजेंसियों से मानव, पशु, पौधे और पर्यावरण के समुदाय‑स्तरीय आंकड़ों को जोड़ने वाली एकीकृत निगरानी प्रणालियाँ बनाने का आग्रह किया है। इस विषय पर SciDev.Net और CABI ने 12 December को वर्चुअल राउंडटेबल आयोजित किया।
अध्ययन: कई आत्महत्याओं में अवसाद नहीं पाया गया
यूटाह विश्वविद्यालय के आनुवंशिक शोध से पता चलता है कि कई लोगों में आत्महत्या के समय डिप्रेशन नहीं था और लगभग आधे मामलों में आत्महत्यात्मक विचारों या मनोचिकित्सीय रिकॉर्ड का अभाव था। शोध बताते हैं कि सिर्फ अवसाद स्क्रीनिंग पर्याप्त नहीं होगी।