मानव साइटोमेगालोवायरस (HCMV) सामान्य है और अक्सर लक्षण नहीं देता, लेकिन संवेदनशील समूहों के लिए यह गंभीर परिणाम दे सकता है। Centers for Disease Control and Prevention के अनुसार HCMV अमेरिका में जन्मजात दोषों का सबसे संक्रामक कारण है, और कुछ अनुमानों में वैश्विक संक्रमण दर 80% से अधिक बताई गई है। फिलहाल कोई वैक्सीन नहीं है और एंटीवायरल दवाओं में विषाक्त दुष्प्रभाव तथा दवा-प्रतिरोध का जोखिम मौजूद है।
UT Austin के नेतृत्व वाली टीम ने एंटीबॉडी की संरचना बदलकर इंजीनियर की हुई एंटीबॉडी विकसित कीं जो वायरस द्वारा प्रतिरक्षा प्रतिक्रियाओं को रोकने की चालों को विफल कर देती हैं। HCMV ऐसे विशिष्ट प्रोटीन बनाता है जिन्हें वायरल Fc रिसेप्टर (vFcγRs) कहा जाता है; ये प्रोटीन एंटीबॉडी से जुड़कर प्राकृतिक किलर जैसी प्रतिरक्षा कोशिकाओं को सक्रिय होने से रोक देते हैं। टीम ने IgG1 प्रकार की एंटीबॉडी पर ध्यान दिया और वायरस द्वारा लक्षित सटीक क्षेत्रों में बदलाव कर वायरल बाइंडिंग रोकी।
प्रयोगशाला में इंजीनियर की गई एंटीबॉडी ने कोशिकाओं के बीच वायरस के प्रसार को रोका और संक्रमित कोशिका कल्चर में वायरल फैलाव को महत्वपूर्ण रूप से घटाया। शोधकर्ता बताते हैं कि यह तरीका अन्य हरपीसवायरस और कुछ बैक्टीरियल संक्रमणों पर भी लागू हो सकता है, और वे एंटीवायरल दवाओं या वैक्सीन के संयोजन का परीक्षण कर रहे हैं। हालांकि, क्लिनिकल उपयोग से पहले और अधिक परीक्षणों की आवश्यकता है।
सहलेखकों में UT Austin के साथ Cardiff University की School of Medicine और University of Freiburg के वैज्ञानिक शामिल हैं। स्रोत: UT Austin.
कठिन शब्द
- जन्मजात — जन्म के समय मौजूद होने वाली स्थिति
- संक्रमण — रोगजनक का शरीर में फैलना
- एंटीबॉडी — रोगजनक से लड़ने वाले प्रोटीन
- वायरल Fc रिसेप्टर — वायरस द्वारा बनाए जाने वाले रिसेप्टर जो एंटीबॉडी से जुड़ते हैं
- प्राकृतिक किलर — एक प्रकार की प्रतिरक्षा कोशिका
- दवा-प्रतिरोध — दवाओं का असर कम होना
- विषाक्त दुष्प्रभाव — दवा से शरीर को हानि पहुंचाने वाले प्रभाव
- प्रसार — किसी चीज का फैलना या फैलाना
युक्ति: जब आप किसी भी भाषा में कहानी पढ़ें या ऑडियो सुनें, तो लेख में हाइलाइट किए गए शब्दों पर होवर/फ़ोकस/टैप करें और तुरंत छोटी-सी परिभाषा देखें।
चर्चा के प्रश्न
- इंजीनियर की गई एंटीबॉडी के क्लिनिकल उपयोग से पहले किस प्रकार के अतिरिक्त परीक्षण जरूरी होंगे और क्यों?
- यदि यह तरीका अन्य हर्पीसवायरस या कुछ बैक्टीरियल संक्रमणों पर भी लागू हो सकता है, तो इससे रोग नियंत्रण में क्या संभावित फायदे हो सकते हैं?
- एंटीवायरल दवाओं के विषाक्त दुष्प्रभाव और दवा-प्रतिरोध के जोखिम को देखते हुए एंटीबॉडी-आधारित उपचारों को दवाओं या वैक्सीन के साथ संयोजन में क्यों परखा जा रहा है?
संबंधित लेख
कोशिकाओं का मैकेनिकल टिपिंग प्वाइंट और फाइब्रोसिस
Washington University in St. Louis और Tsinghua University के वैज्ञानिकों ने दिखाया कि कोशिकाओं के बीच एक यांत्रिक "टिपिंग प्वाइंट" फाइब्रोसिस को अचानक बढ़ा सकता है। कोलेजन संरेखण और क्रॉसलिंकिंग इस प्रक्रिया में मुख्य भूमिका निभाते हैं।