शोधकर्ताओं ने विभिन्न आनुवंशिक पृष्ठभूमि वाले चूहों में वायरस से संक्रमण कर प्रतिक्रिया को देखा। उन्हें पता चला कि CC023 नस्ल में संक्रमण के बाद स्पाइनल कॉर्ड और तंत्रिकाओं में ऐसे लेज़न्स बने जो मानव ALS में दिखने वाले लक्षणों से मिलते-जुलते थे।
अध्ययन में टीम ने देखा कि शुरुआती प्रतिरक्षा प्रतिक्रिया वायरस से लड़ने के लिए सक्रिय रही, लेकिन बाद में यह गतिविधि कम हो गई। वायरस शरीर से साफ़ हो गया, फिर भी तंत्रिका क्षति और मांसपेशी कमजोरी बनी रही।
लेखक बताते हैं कि यह मॉडल ALS के शुरुआती बायोमार्करों की पहचान और नए चिकित्सीय उपायों के विकास में उपयोगी हो सकता है। परिणाम स्पोरैडिक ALS के समझ के लिए विशेष रूप से प्रासंगिक हैं।
कठिन शब्द
- शोधकर्ता — नए ज्ञान खोजने वाला व्यक्ति या टीमशोधकर्ताओं
- आनुवंशिक — जीन या वंश से संबंधित गुण
- नस्ल — प्रजाति या समूह का खास प्रकार
- तंत्रिका — शरीर के संदेश भेजने वाले तंतुतंत्रिकाओं
- लेज़न — ऊतक में चोट या असामान्य जगहलेज़न्स
- प्रतिरक्षा — शरीर की बीमारी से लड़ने की क्षमता
- बायोमार्कर — रोग या स्थिति दिखाने वाला जैविक संकेतबायोमार्करों
- कमजोरी — शरीर की ताकत या शक्ति कम होना
युक्ति: जब आप किसी भी भाषा में कहानी पढ़ें या ऑडियो सुनें, तो लेख में हाइलाइट किए गए शब्दों पर होवर/फ़ोकस/टैप करें और तुरंत छोटी-सी परिभाषा देखें।
चर्चा के प्रश्न
- क्या आप सोचते हैं कि चूहों पर यह मॉडल मनुष्यों के लिए उपयोगी संकेत दे सकता है? क्यों?
- अगर कोई दवा तंत्रिका क्षति रोक सके तो इससे मरीजों की ज़िन्दगी कैसे बदल सकती है?
- आपके विचार में शुरुआती बायोमार्करों की पहचान इलाज के लिए किस तरह मदद कर सकती है?