लैटिन अमेरिका में कई स्वास्थ्य समूह और शोधकर्ता कृत्रिम बुद्धिमत्ता का उपयोग कर रहे हैं ताकि युवा और हाशिए पर रहने वालों को यौन और प्रजनन स्वास्थ्य की सही जानकारी मिल सके। परियोजनाएँ भाषा, कलंक और सीमित सेवाओं से बने अवरोधों को कम करने पर काम कर रही हैं।
पेरू में प्रसूति विशेषज्ञ आना मिलुज़्का बाका गामार्रा ने यूनिवर्सिटी ऑफ़ सान मार्टिन दे पोर्स में केचुआ भाषा का चैटबोट TeleNanu डिजाइन किया। यह जनरेटिव एआई और एक पांच-चरण परामर्श मॉडल का उपयोग करता है और विश्व स्वास्थ्य संगठन तथा पेरू के स्वास्थ्य मंत्रालय के दिशानिर्देशों से प्रशिक्षित है। TeleNanu ने पिछले साल केचुआ और स्पेनिश में 88,000 से अधिक क्वेरीज संभालीं।
APROPO ने अक्टूबर में NOA नाम का एक जनरेटिव एआई प्लेटफ़ॉर्म लॉन्च किया, जो WhatsApp, वेब और सोशल मीडिया पर उपलब्ध है। संगठन ने कहा कि NOA को स्थानीय और अंतरराष्ट्रीय डेटा से प्रशिक्षित किया गया और वह 2026 तक 100,000 किशोरों तक पहुँचने का लक्ष्य रखता है। विशेषज्ञों ने पहुँच, विविध डेटा की कमी, सार्वजनिक-निजी समन्वय और पक्षपात जैसे जोखिमों की चेतावनी दी है।
कठिन शब्द
- कृत्रिम बुद्धिमत्ता — कम्प्यूटर द्वारा मनुष्यों जैसा सोचने की क्षमता
- जनरेटिव एआई — नया पाठ या जवाब बनाने वाली एआई प्रणाली
- परामर्श — किसी मुद्दे पर सलाह देने की प्रक्रिया
- दिशानिर्देश — काम करने के लिए लिखे गए आधिकारिक नियमदिशानिर्देशों
- कलंक — किसी व्यक्ति या विषय पर नकारात्मक छवि
- अवरोध — कोई चीज़ रोकने वाला बाधा या मुश्किलअवरोधों
- पक्षपात — निष्पक्ष न होकर किसी एक का समर्थन
- पहुँचना — किसी जगह या व्यक्ति तक जानापहुँचने
युक्ति: जब आप किसी भी भाषा में कहानी पढ़ें या ऑडियो सुनें, तो लेख में हाइलाइट किए गए शब्दों पर होवर/फ़ोकस/टैप करें और तुरंत छोटी-सी परिभाषा देखें।
चर्चा के प्रश्न
- आपके विचार में स्थानीय भाषाओं में चैटबोट जानकारी देने से किशोरों को कैसे फायदा होगा?
- अगर आप ऐसी सेवा बनाते, तो किस तरह के कलंक या अवरोध हटाने पर ध्यान देते?
- पक्षपात और डेटा की कमी जैसे जोखिमों को कम करने के लिए क्या कदम सुझाएँगे?
संबंधित लेख
बड़े भाषा मॉडल में सुरक्षा-संशोधन
North Carolina State University के शोधकर्ताओं ने बड़े भाषा मॉडल (LLMs) में सुरक्षा-संशोधन कैसे काम करता है इसका अध्ययन किया। उन्होंने मॉडल में सुरक्षा-न्यूरॉन्स की पहचान कर फाइन‑ट्यूनिंग के समय उन्हें स्थिर रखकर सुरक्षित व्यवहार बनाए रखने के तरीके दिखाए।