इगोर कों: एक डॉक्यूमेंट्री और उनकी कहानीCEFR B1
16 अप्रैल 2025
आधारित: Daria Dergacheva, Global Voices • CC BY 3.0
फोटो: yasmin peyman, Unsplash
डॉक्यूमेंट्री फिल्म ने इगोर कों को व्यापक ध्यान दिलाया। फिल्म को मार्च 2025 में Artdocfest में सर्वश्रेष्ठ निर्देशक का पुरस्कार मिला। इसे बर्लिन स्थित Narra स्टूडियो और स्वतंत्र पत्रकार सहकारी Bereg ने बनाया और Meduza के YouTube चैनल पर जारी किया गया।
कों का जन्म 1928 में सेंट पीटर्सबर्ग में हुआ और वे अपनी माँ के साथ रहे। उन्होंने Ленिनग्राद की घेराबंदी के समय निकासी झेली और इतिहास की पढ़ाई Chuvashiya State Pedagogial University में शुरू की, फिर लौटकर लेंनिनग्राद में जारी रखी।
वह सोशल साइंस के क्षेत्र में काम करते रहे और कई बार नौकरी बदली तथा बेरोजगारी देखी। देर के यूएसएसआर में उन्हें वर्षों तक एकमात्र सेक्सोलॉजिस्ट के रूप में जाना गया; वे मीडिया में दिखते और विदेशी अकादमिक साहित्य का उपयोग करते थे। 1990 के दशक में उन्होंने समलैंगिकता पर शोध किया और बाद में लिंग भूमिकाएँ अध्ययन का विषय बनीं।
उन पर राजनीतिक और सार्वजनिक विरोध भी हुआ। 30 जनवरी 2001 के उनके व्याख्यान के दौरान उन्हें अपमान और हमला झेलना पड़ा; एक सप्ताह बाद उनके दरवाज़े पर नकली बम रखा गया और उन्हें मौत की धमकियाँ मिलीं। कों का देहांत 2011 में हुआ और उनकी राख माँ की कब्र में गुप्त रूप से दफन कर दी गयी।
कठिन शब्द
- डॉक्यूमेंट्री — सच्ची घटनाओं पर बनी फिल्म
- व्यापक — बड़ा और पूरे क्षेत्र को शामिल करने वाला
- घेराबंदी — लंबे समय तक शहर या जगह को बंद करना
- निकासी — लोगों का किसी जगह से निकालना
- बेरोजगारी — नौकरी न होने की स्थिति
- सेक्सोलॉजिस्ट — यौन संबंध और व्यवहार का अध्ययन करने वाला
- समलैंगिकता — एक ही लिंग के प्रति आकर्षण या पहचान
- दफन — लाश को जमीन में छुपाकर रखना
युक्ति: जब आप किसी भी भाषा में कहानी पढ़ें या ऑडियो सुनें, तो लेख में हाइलाइट किए गए शब्दों पर होवर/फ़ोकस/टैप करें और तुरंत छोटी-सी परिभाषा देखें।
चर्चा के प्रश्न
- एक डॉक्यूमेंट्री किसी व्यक्ति या विषय का ध्यान कैसे आकर्षित कर सकती है? अपने अनुभव या मत लिखिए।
- कों को सार्वजनिक विरोध और जान से मिलने की धमकियाँ मिलीं। आप क्या सोचते हैं, ऐसे शोधकर्ताओं की सुरक्षा क्यों जरूरी है?
- लगातार नौकरी बदलने और बेरोजगारी का किसी व्यक्ति की जिंदगी पर क्या असर हो सकता है? अपने विचार बताइए।