यूनिवर्सिटी ऑफ ज़्यूरिख की करमेन विला और यूनिवर्सिटी ऑफ वारविक के मैन्युएल बागुएस ने चार स्पेनिश क्षेत्रों में बीते 20 वर्षों में लागू किए गए नीतिगत पैकेजों का विश्लेषण किया। ये नीतियाँ आम तौर पर नाबालिगों को शराब बेचना रोकना, खरीद तक पहुंच सीमित करना और विज्ञापन नियंत्रित करना शामिल करती थीं। क्योंकि बदलाव अलग-अलग समय पर आए, शोधकर्ताओं ने हर कानून के लागू होने से पहले और बाद के व्यवहार की तुलना की।
विश्लेषण में लगभग 250,000 छात्रों के पेय व्यवहार, 180,000 PISA परीक्षा देने वालों के अंक और जनगणना के 600,000 व्यक्तियों के आंकड़े इस्तेमाल किए गए। जब न्यूनतम पेय आयु 16 से 18 साल हुई, तो 14–17 साल के किशोरों में हाल की एक महीने में नशे की संभावना 7% से 17% तक कम हुई और एक बार में अधिक मात्रा में पीने की घटनाएँ 14% घटीं। PISA अंक लगभग 4% बेहतर थे, जिसे दो महीने अतिरिक्त स्कूलिंग के बराबर आंका गया।
शोध में मानसिक स्वास्थ्य में भी सुधार दिखा: चिंता और अनिद्रा की दवाओं के उपयोग की संभावना 10% कम थी। शोध ने शराब के कम होने को शैक्षणिक और मानसिक लाभों से जोड़ा और किसी अन्य व्यवहार में बड़े बदलाव नहीं पाए। यह शोध Journal of Health Economics में प्रकाशित हुआ।
कठिन शब्द
- नीति — सरकार या संगठन द्वारा बनायी गयी कार्रवाई योजनानीतिगत
- लागू — कानून या नियम प्रभाव में आनालागू किए गए, लागू होने
- न्यूनतम पेय आयु — किस उम्र से शराब लेना कानूनी
- किशोर — बड़े होने वाले युवा, अक्सर स्कूल उम्र केकिशोरों
- मानसिक स्वास्थ्य — मनोवैज्ञानिक स्थिति और भावनात्मक भलाई
- संभावना — किसी बात के घटित होने का अंदेशा
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चर्चा के प्रश्न
- यदि आपकी देश में न्यूनतम पेय आयु बढ़ाई जाए, तो क्या आप मानते हैं कि यह छात्रों की पढ़ाई में मदद करेगा? क्यों?
- शोध ने शराब में कमी को शैक्षिक और मानसिक लाभों से जोड़ा; क्या आप इससे सहमत हैं? छोटा कारण लिखिए।
- विज्ञापन नियंत्रित करने से किशोरों के पेय व्यवहार पर क्या असर हो सकता है? अपने विचार बताइए।
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