वैश्विक छह साल के सहयोग के इस अध्ययन को Science में प्रकाशित किया गया। इसमें Yale के शोधकर्ता और पचास से अधिक शैक्षणिक व सरकारी संस्थाएँ शामिल थीं। नेतृत्व Ruth Oliver और Scott Yanco ने किया। Walter Jetz ने कहा कि यह शोध वन्यजीवों की समझ में एक महत्वपूर्ण सूक्ष्मता देता है।
अध्ययन में संयुक्त राज्य अमेरिका में 37 प्रजातियों (22 पक्षी और 15 स्तनधारी) को GPS उपकरणों से ट्रैक किया गया। कुल मिलाकर लगभग 11.8 मिलियन स्थान-बिंदु 4,500 से अधिक जानवरों से इकट्ठा किए गए। शोध ने GPS डेटा को मोबाइल और उपग्रह-आधारित मानवीय मापों के साथ जोड़ा।
नतीजों से पता चला कि 65% से अधिक प्रजातियों ने लोगों की उपस्थिति पर व्यवहार बदला। मानव उपस्थिति कम-विकसित प्राकृतिक इलाकों में सबसे प्रभावी थी। कुछ प्रजातियों ने क्षेत्र घटाया, कुछ ने बढ़ाया; उदाहरण के तौर पर gray wolves ने अपना क्षेत्र बढ़ाया, ravens ने दूर कवरेज बढ़ाया, जबकि coyotes ने अपनी गतियाँ सीमित रखीं। लेखक कहते हैं कि संरक्षण उपाय लक्षित होने चाहिए।
कठिन शब्द
- प्रजाति — किसी समूह का जीवों का विशिष्ट प्रकारप्रजातियों
- स्थान-बिंदु — किसी जगह का रिकॉर्ड या स्थान का माप
- मानवीय — मनुष्यों से संबंधित गुण या प्रभाव
- उपस्थिति — किसी जगह पर मौजूदगी या मौजूद होना
- कम-विकसित — कम विकास वाले या कम बदले हुए इलाके
- संरक्षण — प्रकृति और जीवों को सुरक्षित रखने की क्रिया
- ट्रैक — किसी जानवर की हरकत और स्थान पता करना
- गति — किसी जीव की हिलने-डुलने या चलने की चालगतियाँ
- कवरेज — किसी इलाके में पहुंच या गतिविधि का विस्तार
युक्ति: जब आप किसी भी भाषा में कहानी पढ़ें या ऑडियो सुनें, तो लेख में हाइलाइट किए गए शब्दों पर होवर/फ़ोकस/टैप करें और तुरंत छोटी-सी परिभाषा देखें।
चर्चा के प्रश्न
- आपके विचार में लोगों की मौजूदगी से जंगली जानवरों के व्यवहार क्यों बदलते हैं? बताइए।
- यदि संरक्षण उपाय तैयार करने हों तो आप इन्हें किस तरह लक्षित करेंगे? छोटे-छोटे कारण बताइए।
- क्या आपके आसपास कम-विकसित प्राकृतिक इलाके हैं? वहाँ जानवरों पर मानव असर कैसे दिखता होगा?