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स्तर A1 – शुरुआतीCEFR A1
2 मिनट
85 शब्द
- कृष्ण विवर आकाशगंगाओं के केंद्र में होते हैं।
- वे बहुत भारी और शक्तिशाली होते हैं।
- कभी-कभी कोई तारा बहुत पास चला आता है।
- तारा कृष्ण विवर से खिंच कर टूट जाता है।
- टूटा हुआ पदार्थ एक लंबी पतली धारा बनाता है।
- धारा के हिस्से आपस में टकरा सकते हैं।
- टकराव से तेज ऊर्जा और रोशनी निकलती है।
- फिर पदार्थ धीरे-धीरे कृष्ण विवर में गिरता है।
- यह घटना कभी-कभी बहुत तेज चमक दिखाती है।
- शोधकर्ता कंप्यूटर से इसे समझने की कोशिश करते हैं।
कठिन शब्द
- कृष्ण विवर — अंतरिक्ष में बहुत भारी और घना एक क्षेत्र
- आकाशगंगा — तारों, ग्रहों और गैस का बड़ा समूहआकाशगंगाओं
- टूटना — किसी चीज़ का टुकड़ों में बिखर जानाटूट, टूटा
- धारा — लंबी पतली वस्तु या बहने वाला प्रवाह
- ऊर्जा — काम करने की ताकत या शक्ति
- शोधकर्ता — नया ज्ञान खोजने वाला व्यक्ति या वैज्ञानिक
युक्ति: जब आप किसी भी भाषा में कहानी पढ़ें या ऑडियो सुनें, तो लेख में हाइलाइट किए गए शब्दों पर होवर/फ़ोकस/टैप करें और तुरंत छोटी-सी परिभाषा देखें।
चर्चा के प्रश्न
- क्या आप रात में तारे देखते हैं?
- क्या आपको तेज रोशनी पसंद है?
- क्या आप कंप्यूटर से कुछ सीखते हैं?