बांग्लादेश चुनाव में AI से फैली भ्रामक खबरेंCEFR B2
1 अप्रैल 2026
आधारित: Zulker Naeen, Global Voices • CC BY 3.0
फोटो: Refat Ul Islam, Unsplash
फरवरी 12 को कराए गए उच्च-दांव वाले राष्ट्रीय चुनाव से पहले बांग्लादेश में कृत्रिम बुद्धिमत्ता ने राजनीतिक कथाओं और सार्वजनिक धारणा को सक्रिय रूप से आकार दिया। यह चुनाव पिछले सरकार के पतन के बाद हुआ, जो जुलाई 2024 में छात्र-जनाक्रोश के बाद आया। अभियान के दौरान प्रकाशित एक अध्ययन ने 72 मामलों की पहचान की जिनमें AI-प्रेरित सामग्री ऑनलाइन फैल गई और इनमें से लगभग आधे मामले पूरी तरह काल्पनिक गतिविधियाँ या बयान थे। अन्य मामलों में संपादित फोटोकार्ड और डिपफेक्स के माध्यम से नेताओं के जाली उद्धरण और कथित घटनाएँ पेश की गईं।
December 14, 2025 को ऑनलाइन प्रसारित एक छवि में Shadik Kayem—ढाका विश्वविद्यालय के केंद्रीय छात्र संघ के उपाध्यक्ष—एक ऐसे व्यक्ति के साथ बैठे दिखे जिन्हें बाद में Osman Hadi पर गोली चलाने वाला बताया गया। Osman Hadi को December 11 को ढाका में गोली लगी थी और FactWatch ने उस छवि को नकली व AI-निर्मित करार दिया।
अध्ययन में पाया गया कि संपादित फोटोकार्ड, डिपफेक्स और जाली वीडियो झूठे सर्वे परिणाम, मंचन की गई बैठकों और कथित हमलों का दावा करते थे। कुछ AI-निर्मित तस्वीरों ने Tarique Rahman को staged अभियान दृश्यों में और Khaleda Zia को चलते हुए दिखाया; रिपोर्टों में Khaleda Zia को 76-वर्षीय कहा गया है। निर्वासन में बैठे पूर्व प्रधानमंत्री Sheikh Hasina के कथन भी डिपफेक्स में दिखाए गए और एक AI वीडियो ने गलत तरीके से पूर्व मलेशियाई प्रधानमंत्री Mahathir Mohamad को Hasina के समर्थन में दर्शाया।
राजनीतिक अभिनेताओं ने भरोसेमंद आउटलेट्स Somoy TV, Channel i, Jugantor, Kaler Kantho और Barta Bazar की नक़ल करते हुए सामग्री बनाई। अध्ययन ने पार्टी-विशेष हमलों की गिनती भी की: Bangladesh Nationalist Party के 47 मामले, Jamaat-e-Islami के 13 और Awami League के 6 मामले दर्ज हुए। पर्यवेक्षक कहते हैं कि यह अभियान नए तरीकों को जन्म दे गया है—निर्धारित भड़काने, synthetic छवियाँ और संवेदनशील घटनाओं का शोषण—और यह स्पष्ट नहीं है कि इन तरीकों को कैसे विनियमित किया जाएगा या दक्षिण एशिया के अन्य लोकतंत्र इसके लिए कितने तैयार हैं।
कठिन शब्द
- कृत्रिम बुद्धिमत्ता — कम्प्यूटर और मशीनों में मानव जैसी सोच बनाने की तकनीक
- AI-निर्मित — कम्प्यूटर से बनाया या उत्पन्न किया गया
- डिपफेक्स — AI से बनाए या बदले गए नकली ऑडियो-वीडियो
- संपादित — मूल सामग्री में बदलाव करके नया रूप देना
- काल्पनिक — वास्तविक न होकर कल्पना पर आधारित
- नक़ल — असली चीज़ की तरह दिखाने वाला बनावटी रूप
- पर्यवेक्षक — घटनाओं या प्रक्रियाओं का अवलोकन और विश्लेषण करने वाला
- विनियमित — किसी काम के लिए नियम और नियंत्रण लागू करना
युक्ति: जब आप किसी भी भाषा में कहानी पढ़ें या ऑडियो सुनें, तो लेख में हाइलाइट किए गए शब्दों पर होवर/फ़ोकस/टैप करें और तुरंत छोटी-सी परिभाषा देखें।
चर्चा के प्रश्न
- आप कैसे सोचते हैं कि नकली AI-निर्मित सामग्री आम जनता की राय बदल सकती है? उदहारण देकर बताइए।
- बांग्लादेश जैसे लोकतंत्रों में इन नए AI तरीकों को नियंत्रित करने में कौन‑सी कठिनाइयाँ आ सकती हैं?
- मीडिया आउटलेट्स की नकल करने वाली सामग्री देखते समय पाठक क्या सावधानी बरतें?