अफ्रीका की युवा आबादी और चुनौतियाँCEFR B1
28 जन॰ 2026
आधारित: Laura, Global Voices • CC BY 3.0
फोटो: Emmanuel Ikwuegbu, Unsplash
UNICEF की रिपोर्ट के अनुसार 2050 तक अफ्रीका विश्व में कुल जन्मों, पाँच साल से कम उम्र के बच्चों और किशोरों का एक बड़ा हिस्सा रखेगा। इस जनसांख्यिकीय रुझान से युवा नीतियाँ महाद्वीप के भविष्य के लिए केंद्रीय विषय बन चुकी हैं।
जापान में जीवन प्रत्याशा 80 से अधिक और 65 वर्ष से ऊपर के लोगों का हिस्सा 29 प्रतिशत है, जबकि 15 वर्ष से कम आयु के लोग 11 प्रतिशत हैं। उसी अवधि में सेनेगल में 65 वर्ष से ऊपर के लोग 3.8 प्रतिशत और 15 वर्ष से कम आयु के लोग 39 प्रतिशत हैं। यह विरोधाभास दिखाता है कि देशों को अलग नीतियाँ चाहिएं।
केन्या के नैरोबी में "Silicon Savannah" जैसी पहल, ट्यूनीशिया की स्टार्टअप नीति, रवांडा के डिजिटल निवेश और इथियोपिया के Youth Revolving Fund जैसी प्रोग्राम सक्रिय हैं। फिर भी UNESCO के अनुमानों के अनुसार सब-सहारा अफ्रीका में 98 मिलियन से अधिक स्कूल-योग्य बच्चे स्कूल से बाहर हैं, और ड्रॉपआउट दरें 15–17 आयु वर्ग में बहुत ऊँची हैं।
एक ही समय में हर साल लाखों युवा श्रम बाजार में आते हैं पर औपचारिक नौकरियों की संख्या कम है। नीति विशेषज्ञ शिक्षा और कौशल प्रशिक्षण सुधारने, लड़कियों की माध्यमिक शिक्षा सुनिश्चित करने, उद्यमिता का समर्थन करने और स्वास्थ्य-सुरक्षा को मजबूत करने की सलाह देते हैं।
कठिन शब्द
- जनसांख्यिकीय — आबादी की संरचना और उसमें होने वाले परिवर्तन
- जीवन प्रत्याशा — लोग औसतन कितनी आयु तक जीते हैं
- किशोर — बचपन के बाद और वयस्कता से पहले का युवाकिशोरों
- नीति — सरकार या संस्था द्वारा तय किया गया काम करने का तरीकानीतियाँ
- उद्यमिता — नया व्यवसाय शुरू करने और चलाने की क्षमता
- कौशल प्रशिक्षण — काम के लिए जरूरी व्यवहारिक या तकनीकी योग्यता सिखाना
युक्ति: जब आप किसी भी भाषा में कहानी पढ़ें या ऑडियो सुनें, तो लेख में हाइलाइट किए गए शब्दों पर होवर/फ़ोकस/टैप करें और तुरंत छोटी-सी परिभाषा देखें।
चर्चा के प्रश्न
- आपके देश में युवा बेरोजगारी कम करने के लिए कौन-सी नीति सबसे जरूरी लगेगी? क्यों?
- बहुत सारे युवा होने से आपके हिसाब से देश को क्या फायदे और क्या चुनौतियाँ हो सकती हैं?
- स्कूल-योग्य बच्चों को स्कूल में रखने के लिए आप क्या एक व्यावहारिक कदम सुझाएँगे?