5 जून को यूएई से ड्रॉ के बाद उज्बेकिस्तान ने 2026 विश्व कप के लिए योग्यता हासिल की। युवा टीमों की सफलता और 2019 की सुधार योजना को इसे लेकर महत्वपूर्ण बताया जा रहा है।
फुटबॉल सिर्फ खेल नहीं है; यह याद, पहचान और प्रतिद्वंद्विता से जुड़ा है। लेख में जावियर मारीस के विचार और ईरान की एक प्रांतीय टीम की हालिया जीत सांस्कृतिक और राजनीतिक अर्थ दिखाते हैं।
हरिस क्रिस्टान्तो पार्देड़े एक इंडोनेशियाई फुटबॉल कमेंटेटर हैं जिन्होंने महामारी के दौरान अखबारों से ऑनलाइन वीडियो की ओर कदम रखा। उनके Bung Harpa चैनल की कवरेज और फील्ड रिपोर्टिंग ने उन्हें लोकप्रिय बनाया।